गरीबों के 25 हजार तक के कर्ज माफ, मुलाजिमों का छठा पे कमिशन लागू करे सरकार : प्रवीन

पंजाब सरकार की लोक विरोधी नीतियों के विरोध में तथा जरूरतमंदों के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने की मांगों को लेकर बहुजन समाज पार्टी की ओर से वीरवार को प्रदेशाध्यक्ष डॉ. जसवीर सिंह गढ़ी की अगुवाई में प्रदेश भर के एसडीएम्ज को ज्ञापन सौंपे गए।...

गरीबों के 25 हजार तक के कर्ज माफ, मुलाजिमों का छठा पे कमिशन लागू करे सरकार : प्रवीन

पंजाब सरकार की लोक विरोधी नीतियों के विरोध में तथा जरूरतमंदों के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने की मांगों को लेकर बहुजन समाज पार्टी की ओर से वीरवार को प्रदेशाध्यक्ष डॉ. जसवीर सिंह गढ़ी की अगुवाई में प्रदेश भर के एसडीएम्ज को ज्ञापन सौंपे गए। इसी कड़ी के तहत पार्टी के लोकसभा हलका आनंदपुर साहिब जोन के इंचार्ज प्रवीन बंगा की अगुवाई में बंगा के एसडीएम गौतम जैन को ज्ञापन सौंपा गया।
इस दौरान प्रवीन बंगा ने बताया कि पंजाब सरकार प्रदेश के 1 करोड़ 5 लाख जरूरतमंदों को राशन देने में पूरी तरह फेल साबित हुई है। बसपा गरीब लोगों के 25 हजार तक के कर्ज माफ करने की मांग करती है। इसके अलावा मजदूरों के खातों में 50 हजार रुपए की राशि कम से कम तीन किस्तों में डाली जाए, जो मजदूर रजिस्टर्ड नहीं हैं, उन्हें रजिस्टर्ड किया जाए, निजी क्षेत्र में काम करने वाले कारिंदों के वेतन उनके खातों में डाले जाएं, कच्चे अर्ध सरकारी आशा व आंगनवाड़ी वर्करों को डीसी रेटों पर कम से कम रेगुलर मान भत्ता दिया जाए, आरएमपी डाक्टरों को रजिस्टर्ड किया जाए।

लॉकडाउन में सेहत मुलाजिमों को ड्यूटी के दौरान दिए कारण बताओ नोटिस वापस लिए जाएं, मुलाजिमों का छठा पे कमीशन लागू किया जाए, अनुसूचित जातियों तथा पिछड़े वर्गों और धार्मिक कम गिनती लोगों पर कर्फ्यू के दौरान जुल्म करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए, बेरोजगार युवाओं को महंगाई भत्ता दिया जाए, उद्योग बनाने के लिए, गरीब व दुकानदारों पर 3-3 बिजली के बिल माफ किए जाएं। इस मौके पर पार्टी जिला प्रधान मनोहर लाल, हलका प्रधान विजय मजारी, हरमेश विरदी, नीलम रानी, सोम नाथ रटैंडा, हरप्रीत डारी, सुरिंदर सिंह, भूपिंदर सिंह, जोरावर संधी, कुलदीप राम, लखविंदर लक्की थे।

मांग : अरब देशों से आए भारतीयों का एकांतवास खर्च सरकार उठाए

प्रवीन बंगा ने कहा कि विदेश से आने वाले विशेष तौर पर अरब देशों से आने वाले भारतीयों के आने का खर्च तथा एकांतवास का खर्च पंजाब सरकार खुद वहन करे, क्योंकि पंजाब की आर्थिकता में पंजाब से विदेश गए लोगों का बहुत बड़ा हाथ है। इसके अलावा पंजाब में शैक्षणिक संस्थाओं में बनाए गए एकांतवास सेंटर हटाकर धार्मिक स्थानों में शिफ्ट किए जाएं, क्योंकि जब शैक्षणिक संस्थाएं खुलेंगी तो स्टाफ व विद्यार्थियों ने वहां जाना है और उन्हें किसी परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में जिन जरूरतमंदों के नीले कार्ड कट गए थे, उनके कार्ड फिर से बनवाए जाएं। बंगा ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने लोगों के साथ चुनावों से पहले कई तरह से वायदे किए थे, जिन्हें पूरा नहीं किया गया। जिसका खामियाजा उसे आगामी चुनावों में भुगतना होगा।